पुलिस का दावा सख्ती के कारण असामाजिक तत्व नहीं लगा सके दाव | Anti-social elements could not claim due to strictness of police claim

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गढ़वा5 मिनट पहले

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कोरोना संक्रमण के बाद पहली बार इस वर्ष धूमधाम से दीपावली का पर्व मनाया गया। दीपावली पर्व में कुछ लोग जुआ खेलना शुभ मानते थे। ऐसे लोगों के कारण दीपावली की सुबह कई घरों में मातम मनता था, तो कई घरों में लोग खुशियां मनाते थे।

लेकिन इस वर्ष अप्रत्याशित रूप से जुआ खेल में कमी देखने को मिली। जहां एक और पुलिस इसका श्रेय लेने में जुटी हुई है। वही लोगों का कहना है कि सोशल साइट पर विभिन्न प्रकार के ऑफरों व जुआ जैसे कई गेम के कारण जुआ की बजाए लोग सोशल मीडिया से ही चिपके रहे।

पहले दीपावली में आमतौर पर लोग जगह जगह पर झुंड बनाकर जुआ खेलते नजर आ रहे थे। जहां पुलिस ऐसे लोगों के विरुद्ध छापेमारी अभियान चलाकर गिरफ्तार कर कुछ को आर्थिक दंड लगाकर तो कुछ को जेल भेजती थी। इस वर्ष इस तरह के मात्र एक मामला थाना में देखने को मिला।

पुलिस का मानना है कि बढ़ती गस्ती और पेट्रोलिंग की वजह से इस वर्ष जुआरियों में हड़कंप मचा हुआ था। वहीं ऐसे लोग सोशल साइट पर गेम में अपने दाव लगाकर जुआ खेल रहे थे। जुआ की परंपरा यह लगातार प्रत्येक वर्ष दीपावली के दिन बन गई है। लोग इस जुआ के चक्कर में अपना सब कुछ हार जाते थे। यहां तक कि लोग छोटी छोटी रकम से शुरू कर लाखों लाख में जुगा का दाव खेलते थे। कुछ लोग तो कंगाल हो जाते थे। और कुछ लोग बन जाते थे।

ऐसे में दीपावली की सुबह किसी के घर खुशी होती थी तो किसी के घर में गम रहता था। पहले दर्जनों की संख्या में जुआ खेलते लोगों की गिरफ्तारी होती थी। भारी-भरकम मोटी रकम भी बरामद होता था। दर्जनों मोटरसाइकिल भी जप्त होते थे।

लेकिन इस वर्ष इस तरह का सिर्फ एक मामला सदर थाना पहुंचा है। यह शहर के टंडवा मोहल्ला हरिजन टोला के पास झुंड लगाकर कुछ जुआरी सड़क पर जुआ खेल रहे थे। उसी बीच पुलिस वहां पहुंच गई। पुलिस को देख कुछ जुआरी भाग गए हैं।

जबकि पुलिस ने दौड़ा कर दो जुआरियों को पकड़ कर थाना ले आई है। इस संबंध में थाना प्रभारी लक्ष्मीकांत ने कहा कि शहर के टंडवा हरिजन मोहल्ला में जुआ खेलते दो लोग को पुलिस पकड़ कर थाना लाई थी। जिसे थाना से ही बेल दे दिया गया है। उन लोगों के पास से ₹200 ताश के पत्ते की गड्डी, शराब, 7 मोटरसाइकिल बरामद किया गया था।

उन्होंने कहा की जुआ खेलने वाले के विरुद्ध पुलिस लगातार पेट्रोलिंग पार्टी पीसीआर टाइगर मोबाइल आदि से गस्ती कराया जा रहा था। ताकि शहर में किसी भी जगह जुआ ना हो। दिवाली यानी रोशनी का त्योहार, मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से मां लक्ष्मी और गणेश जी का पूजन करने से घर में सुख-समृद्धि का वास होता है।

सोमवार को पूरे जिले में दिवाली धूमधाम से मनाई जाएगी। दिवाली की रात लोग धन प्राप्ति के लिए तमाम उपाय करते हैं। ऐसे में कुछ पुरानी परंपराएं ऐसी भी हैं। जिन्हें लोग आज गलत तरीके से निभा रहे हैं। ऐसा ही कुछ मामला जुड़ा है।

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